BreakingJharkhandझारखंडब्रेकिंग

शिक्षकों की लापरवाही, 8वीं के छात्र परीक्षा से बाहर

Share
Share
Khabar365news

सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल अनुमंडल अंतर्गत नीमडीह प्रखंड के दलमा अभयारण्य की तराई में बसे आदिवासी बहुल गांव टेंगाडीह के उत्क्रमित मध्य विद्यालय के सभी आठवीं कक्षा के छात्र-छात्राएं फाइनल परीक्षा से वंचित रह गए। इस घटना से अभिभावकों में भारी आक्रोश है और बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता गहरा गई है। गांव के अधिकांश लोग गरीब किसान परिवार से आते हैं, जो दो वक्त की रोटी के लिए कड़ी मेहनत करते हैं और अपने बच्चों को बेहतर भविष्य की उम्मीद से स्कूल भेजते हैं। वर्षों तक नक्सल-प्रभावित रहे इस क्षेत्र में शिक्षा की व्यवस्था मजबूत करने के लिए सरकार ने प्रधानाध्यापक और सहायक शिक्षकों की नियुक्ति की थी। लेकिन अभिभावकों का आरोप है कि तीनों सरकारी शिक्षकों की लापरवाही के कारण बच्चों का एक वर्ष बर्बाद होने की कगार पर है।

जानकारी के अनुसार, 2 मार्च 2026 को आयोजित आठवीं बोर्ड परीक्षा में यूएमएस टेंगाडीह के एक भी छात्र-छात्रा शामिल नहीं हो पाए। बताया जा रहा है कि विद्यालय द्वारा समय पर परीक्षा फॉर्म ‘फिल-अप’ नहीं किया गया, जिसके कारण विद्यार्थियों को एडमिट कार्ड जारी नहीं हो सका। नतीजतन सभी छात्र-छात्राएं परीक्षा से वंचित रह गए। इस गंभीर लापरवाही को लेकर अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन और संबंधित विभाग पर सवाल उठाए हैं। अभिभावक लखीराम सिंह ने बताया कि उनकी बेटी प्रतिमा सिंह परीक्षा नहीं दे पाने से बेहद दुखी है। उन्होंने कहा, “मेरी बेटी रो रही थी और कह रही थी कि अगर दोबारा परीक्षा नहीं हुई तो उसका एक साल बर्बाद हो जाएगा।” उन्होंने प्रशासन से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

सूत्रों के अनुसार, मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने प्रधानाध्यापक का वेतन अस्थायी रूप से रोक दिया है। वहीं अभिभावकों की मांग है कि जल्द से जल्द विशेष परीक्षा आयोजित कराई जाए, ताकि विद्यार्थियों का एक साल बर्बाद होने से बच सके। ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय में तीन सरकारी शिक्षक पदस्थापित हैं, जिनका वेतन लाखों रुपये में है। इसके बावजूद पढ़ाई की स्थिति बेहद खराब है। आरोप है कि शिक्षक नियमित रूप से स्कूल तो आते हैं, लेकिन पढ़ाई को लेकर गंभीर नहीं हैं, जिससे बच्चों की शैक्षणिक स्थिति कमजोर हो रही है। विद्यालय की स्थिति भी दयनीय है। कक्षा 1 से 8 तक के लगभग 100 छात्र-छात्राओं को एक ही कमरे में पढ़ाया जाता है। बैठने के लिए पर्याप्त टेबल-बेंच नहीं हैं, जिससे बच्चों को जमीन पर बैठकर पढ़ाई करनी पड़ती है।

इस मामले में प्रधानाध्यापक सरसिज कुमार ने तकनीकी खामी और प्रक्रिया में देरी को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने बताया कि छात्रों का फॉर्म समय पर पूरा नहीं हो सका। विभाग द्वारा उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है, जिसका जवाब दे दिया गया है। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि एक महीने के भीतर विशेष परीक्षा आयोजित कर वंचित छात्रों को मौका दिया जाएगा। वंचित विद्यार्थियों में चित्रा सिंह, उत्तम सिंह, प्रतिमा सिंह, उर्मिला दास, जीतवाहन सिंह, चंपारानी सिंह, प्रियंका मुर्मू, वनबिहारी सिंह, सुशील हांसदा, शुभम मांझी और मनोज सिंह शामिल हैं। एक छात्रा ने बताया कि एडमिट कार्ड नहीं बनने के कारण वे परीक्षा नहीं दे पाए। पूछने पर बताया गया कि एडमिट कार्ड बनाने वाले व्यक्ति के परिवार में शोक होने के कारण प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी।

प्रतिमा सिंह के परिजनों का कहना है, “एडमिट कार्ड नहीं मिलने के कारण मेरी बेटी समेत गांव के कई बच्चे परीक्षा नहीं दे पाए। हम चाहते हैं कि इसी वर्ष परीक्षा कराई जाए, ताकि बच्चों का समय बर्बाद न हो।” नीमडीह के प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी संजय कुमार जोशी ने कहा कि उन्होंने हाल ही में कार्यभार संभाला है और यह चूक प्रधानाध्यापक की लापरवाही से हुई है। प्रधानाध्यापक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है और उनका वेतन रोक दिया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि परीक्षा से वंचित छात्रों को एक और मौका दिया जाएगा।

Share

Leave a comment

Leave a Reply

Categories

Calender

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031







Related Articles
BreakingJharkhandPALAMUझारखंडपलामूब्रेकिंग

पलामू में NEET में बड़ी लापरवाही, 5 घंटे तक नहीं मिला प्रश्न-पत्र

Khabar365newsमेदिनीनगर के योध सिंह नामधारी महिला कॉलेज परीक्षा केंद्र पर NEET UG...

BreakingJharkhandझारखंडब्रेकिंग

देवघर रिमांड होम में 19 वर्षीय युवती की संदिग्ध मौत

Khabar365newsदेवघर के कुंडा थाना क्षेत्र स्थित चरकी पहाड़ी रिमांड होम में रह...

JharkhandpatratupatratuPolticalRamgarh

भाजपा का ‘नारी शक्ति’ कार्ड सिर्फ एक चुनावी छलावा-अंबा प्रसाद

Khabar365newsअंबा प्रसाद ने खोला संवैधानिक प्रावधानों का पोल -खोल मोर्चा रिपोर्ट –...