डालटेनगंज से भाजपा विधायक आलोक चौरसिया ने नीलांबर पितांबर विश्वविद्यालय भवन के घटिया निर्माण को लेकर ध्यानाकर्षण लाया था। सोमवार को विधानसभा में उन्होंने आरोप लगाया कि भवन निर्माण की प्रारंभिक राशि मात्र 104 करोड़ रुपए थी। बाद में यह बढ़ कर 147 करोड़ और अब 162 करोड़ रुपए होने जा रही है। घटिया निर्माण को लेकर उन्होंने कई बार सवाल खड़ा किया। राज्यपाल से भी मिले। वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने भी घटिया निर्माण की बात कही। छाबड़ा नामक कंपनी ने विश्वविद्यालय के भवन निर्माण में भारी गड़बड़ी की है। भवन अभी बना ही है लेकिन बरसात में छत टपकने लगता है।
हालांकि विभागीय मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने कहा कि राजभवन के निर्देश पर जांच करायी गयी थी। उसमें इस तरह की कोई बात नहीं है। हां मूल डीपीआर में पानी के लिए बोरिंग का प्रावधान नहीं किया जा सका था। इस कारण बाद में इसके लिए राशि का प्रावधान किया गया। वैसे भी निर्माण कार्य में विलंब होने पर प्राक्कलित राशि में वृद्धि स्वाभाविक है। सरकार जल्द ही विश्वविद्यालय भवन में सभी सुविधाओं की व्यवस्था कराने को तत्पर है। गड़बड़ी या भ्रष्टाचार की कोई बात नहीं है।
Leave a comment