
हजारीबाग: शहर में सरकारी जलस्रोतों के दुरुपयोग पर अब हजारीबाग नगर निगम पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है। नगर आयुक्त ओमप्रकाश गुप्ता के स्पष्ट निर्देश पर नगर निगम की जलापूर्ति शाखा द्वारा 9 मई 2026 को विशेष छापेमारी अभियान चलाकर सरकारी चापानलों से अवैध रूप से पानी खींचने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई।
अभियान के दौरान वार्ड संख्या 21 स्थित हासमिया कॉलोनी, रजिया चेरिटेबल आंख अस्पताल के समीप एक गंभीर अनियमितता उजागर हुई। जांच टीम ने पाया कि एक गृहस्वामी द्वारा सरकारी चापानल के बोरिंग में अवैध रूप से मोटर डालकर लगातार पानी का दोहन किया जा रहा था। मामला सामने आते ही नगर निगम की टीम ने मौके पर कार्रवाई करते हुए बोरिंग में लगाए गए मोटर एवं अन्य उपकरणों को जब्त कर लिया।
नगर निगम प्रशासन ने साफ शब्दों में कहा है कि सरकारी चापानल आम जनता की सुविधा के लिए लगाए जाते हैं। इनमें निजी मोटर लगाकर पानी निकालना पूरी तरह गैरकानूनी है। इससे न केवल क्षेत्र के भूजल स्तर पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, बल्कि आसपास के लोगों की जलापूर्ति भी बाधित होती है।
नगर निगम ने शहरवासियों को चेतावनी देते हुए कहा है कि सार्वजनिक चापानल अथवा सरकारी बोरिंग में मोटर लगाना दंडनीय अपराध है। भविष्य में कहीं भी इस प्रकार की शिकायत मिलने पर बिना किसी पूर्व सूचना के सामान जब्त किया जाएगा तथा संबंधित व्यक्तियों पर कानूनी कार्रवाई के साथ भारी जुर्माना भी लगाया जाएगा।
इस विशेष जांच एवं छापेमारी अभियान का नेतृत्व सिटी मैनेजर संतोष कुमार और अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर स्पेशलिस्ट अरुण कुमार बाउरी ने किया। उनके साथ नगर निगम की टास्क फोर्स एवं जलापूर्ति शाखा के कर्मी भी मौजूद रहे।
शहरवासियों ने नगर आयुक्त ओमप्रकाश गुप्ता के निर्देशन में हो रही इस सख्त और जनहितकारी कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि नगर निगम की ऐसी पहल से सार्वजनिक संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी और आम लोगों को बेहतर जलापूर्ति का लाभ मिलेगा।
Leave a comment